माया-वन का वह घना, दमघोंटू कोहरा अब पूरी तरह से काले जादू के खौफनाक धुएं में बदल चुका था। एक तरफ अघोरी भैरव खड़ा था, जिसके हाथ में धधकता हुआ काला त्रिशूल था, और दूसरी तरफ... २१वीं सदी का सबसे खूंखार बिज़नेसमैन, आर्यन वर्मा।
आर्यन के नंगे, मस्कुलर सीने पर पसीने और खून की बूंदें नीली जादुई रोशनी में चमक रही थीं। उसके दोनों हाथों में कसी हुई 'रुद्र-खड्ग' अब किसी भयंकर तूफ़ान की तरह कांप रही थी, मानो वह आर्यन के अंदर के उस उबलते हुए ज्वालामुखी को महसूस कर रही हो।










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